1 फरवरी 2021। राजस्थान विधानसभा में उपनेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ ने देश के प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केन्द्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण जी द्वारा संसद में पेश ”पेपरलैस” आम बजट 2021-22 को भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए बूस्टर डोज बताते हुए कहा कि आत्मनिर्भर भारत के 6 प्रमुख स्तम्भों ‘स्वास्थ्य और कल्याण’, ‘भौतिक, वित्तीय पूंजी एवं अवसंरचना’, ‘आकांक्षी भारत के लिए समावेशी विकास’, ‘मानव पूंजी में नवजीवन का संचार’, ‘नवप्रवर्तन, अनुसंधान एवं विकास’ तथा ‘न्यूनतम सरकार व अधिकतम शासन’ पर आधारित सर्वस्पर्शी एवं जनकल्याणकारी यह बजट निश्चित रूप से देश के जन-जन की आशाओं व आकांक्षाओं पर खरा उतरने वाला व 5 ट्रिलियन डॉलर के लक्ष्य की ओर अग्रसर होने वाला साबित होगा।

राठौड़ ने कहा कि वर्ष 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने के लिए प्रतिबद्ध केन्द्र सरकार ने किसानों के कर्ज के लिए 16.5 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। वहीं एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर फंड बनाने की भी घोषणा की है जिसमें एपीएमसी को इस फंड के दायरे में लाया जाएगा और 1 हजार मंडियों को ई-नाम से जोड़ा जाएगा जिससे कृषि क्षेत्र की आधारभूत संरचना को बल मिलेगा।

राठौड़ ने कहा कि केन्द्र सरकार ने दाल, गेंहू, धान व कपास समेत अन्य फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) में अभूतपूर्व बढ़ोतरी कर यूपीए सरकार से करीब 3 गुना राशि किसानों के खातों में पहुंचाई है। किसानों को सशक्त करने की दिशा में सरकार द्वारा एमएसपी पर फसल खरीद का कार्य तेजी से जारी है और किसानों को उत्पादन लागत का 1.5 गुना कीमत देने के लिए सरकार कटिबद्ध है।

राठौड़ ने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र में ”प्रधानमंत्री आत्मनिर्भर स्वस्थ भारत योजना” के लिए 64,180 करोड़ रुपये और कोरोना वैक्सीन के लिए 35 हजार करोड़ रुपये की ऐतिहासिक घोषणा केन्द्र सरकार के स्वस्थ भारत के संकल्प को चरितार्थ कर रही है। हेल्थ सेक्टर में पिछले बजट के मुकाबले इस बार बजट 2021-22 में 137% बढ़ाकर 2.23 लाख करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है। देश में 75 हजार ग्रामीण हेल्थ सेंटर, 602 जिलों में क्रिटिकल केयर हॉस्पिटल, नेशलन सेंटर फॉर डिसीज कंट्रोल, इंटिग्रेटेड हेल्थ इंफो पोर्टल व 17 नए पब्लिक हेल्थ यूनिट की स्थापना और कुपोषण की समस्या से निजात के लिए नए पोषण कार्यक्रम मिशन पोषण 2.0 की घोषणा से निश्चित तौर पर सूदूर क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार होगा।

राठौड़ ने कहा कि केन्द्र सरकार ने 75 साल से ज्यादा उम्र वाले पेंशनर्स को इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की छूट देने, किफायती घर खरीदने वालों को ब्याज में 1.5 लाख रुपए की अतिरिक्त छूट का समय 1 वर्ष बढ़ाकर मार्च 2022 तक करने, छोटे करदाताओं के लिए डिस्प्यूट रिजॉल्यूशन कमेटी का गठन करने, बीमा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) को 49% से बढ़ाकर 74% करने और सरकारी बैंकों में 20,000 करोड़ का निवेश करने जैसी कई घोषणाओं के माध्यम से कर व्यवस्था को युक्तिसंगत व बैंकिंग-बीमा प्रणाली के सरलीकरण की दिशा में प्रभावी कदम उठाए हैं।

राठौड़ ने कहा कि देश में बुनियादी अवसंरचना के सृजन के जरिए आर्थिक वृद्धि को गति देने के लिये वित्त वर्ष 2021-22 में पूंजीगत व्यय को 34.5 प्रतिशत बढ़ाकर 5.5 लाख करोड़ रुपये करने का प्रावधान है। इसमें से 44 हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि आर्थिक मामलों के विभाग के लिये अलग रखी गई है और केन्द्र सरकार इस व्यय से ऊपर राज्यों और स्वायत्त निकायों को व्यय के लिये 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक की सहायता दी जाएगी।

राठौड़ ने कहा कि केन्द्र सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व कदम उठाते हुए भारतीय उच्च शिक्षा आयोग का गठन, अनुसूचित जाति के 4 करोड़ बच्चों के लिए 35,219 करोड़ रुपए का प्रावधान, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए देश के 15,000 से अधिक स्कूलों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति के सभी पहलुओं से जोड़ना, लद्दाख में केन्द्रीय विश्वविद्यालय की स्थापना, एनजीओ/निजी स्कूलों/राज्यों की साझेदारी के साथ 100 नए सैनिक स्कूलों की स्थापना व आदिवासी क्षेत्रों में 750 एकलव्य मॉडल स्कूलों की स्थापना जैसे महत्त्वपूर्ण निर्णय लिये हैं।

राठौड़ ने कहा कि ग्रामीण इलाकों में स्वच्छ ईंधन के उपयोग को बढ़ावा देने व गरीब महिलाओं का जीवन हानिकारक धुएं से मुक्त करने की दिशा में संचालित प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना का विस्तार कर 1 करोड़ लाभार्थियों को शामिल करने का फैसला और घरों में पाइप के जरिए गैस पहुंचाने व वाहनों को सीएनजी मुहैया कराने के सिटी गैस वितरण नेटवर्क का 100 जिलों में विस्तार करने का निर्णय ईंधन आपूर्ति की क्षेत्र में क्रांतिकारी कदम है।

राठौड़ ने कहा कि शहरी क्षेत्रों में सुलभ जल आपूर्ति व्यवस्था की पूर्ति हेतु 2.87 लाख करोड़ रुपये की जल जीवन मिशन (शहरी) योजना, स्वच्छ भारत के लिए 1.41 लाख करोड़ रुपये की शहरी स्वच्छ भारत मिशन 2.0 योजना, वायु प्रदूषण से निपटने के लिए 2217 करोड़ की घोषणा, वॉलंटरी व्हीकल स्क्रैपिंग पॉलिसी व ऑटोमेटेड फिटनेस सेंटर की घोषणा से शहरी क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों का जीवन समृद्ध होगा।

राठौड़ ने कहा कि ‘एक राष्‍ट्र, एक राशन कार्ड’ योजना 32 राज्‍यों और केन्‍द्र शासित प्रदेशों मे कार्यान्वित की जा रही है जिसका फायदा करीब 69 करोड़ लोगों को पहुंच रहा है। इस योजना का विस्तार शीघ्र ही अन्य शेष राज्यो में भी किया जाएगा। साथ ही असंगठित कामगारों से संबंधित सूचनाओं को एकत्रित करने के लिए एक पोर्टल और श्रम संहिताओं को लागू करते हुए न्यूनतम वेतन देने का प्रावधान किया गया है। यह निर्णय केन्द्र सरकार की असंगठित कामगारों, विशेषकर प्रवासी कामगारों एवं श्रमिकों के प्रति संवेदनशीलता को दर्शाता है।

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